PMSYM प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना, ऑनलाइन आवेदन, एप्लीकेशन फॉर्म, PMSYM Registration 2020

प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 – भारतीय अर्थव्यवस्था की वह बात जो सबसे खास है। वह है यहां की लेबर फोर्स अथवा कामगारों की बड़ी संख्या। इन कामगारों की संख्या का अच्छा खासा हिस्सा अनऑर्गेनाइज़्ड सेक्टर यानि की असंगठित क्षेत्र में काम करता है। भारतीय आर्थिक सर्वेक्षण 2007-08 और 2010-11 के अंतर्गत नेशनल सैंपल सर्वे ऑफ़ अनर्गेनाइज़्ड  सेक्टर के अनुमान के अनुसार भारत में कामगारों की 90 से 93% तक की संख्या असंगठित क्षेत्र में कार्यरत है। और भारत की GDP अर्थात सकल घरेलु उत्पाद में इसका हिस्सा 50% से भी अधिक है। इन आंकड़ों से इस बात का अंदाज़ा साफ़ साफ़ लगाया जा सकता है। कि भारत की अर्थव्यवस्था में असंगठित क्षेत्र के कामगारों का कितना बड़ा योगदान है।

असंगठित क्षेत्र के कामगारों का क्या मतलब है?

हम अपने आस पास दो तरीके के कामगारों को देखते हैं। एक संगठित क्षेत्र के कामगार और दूसरे असंगठित क्षेत्र के कामगार। संगठित क्षेत्र के कामगार वह हैं। जो प्रतिदिन सुबह सुबह तैयार हो कर ऑफिस जाते हैं। इन्हे सप्ताह में एक या दो दिन की छुट्टी मिलती है। महीने के अंत में एक तय रकम मेहनताने के तौर पर मिलती है। जिसे सैलरी कहते हैं। त्योहारों पर निश्चित छुट्टी और अच्छा काम करने पर बोनस मिलता है। इसके साथ ही इन्हे रिटायरमेंट के समय कुछ एकमुश्त रकम भी प्रदान की जाती है। आम भाषा में कहें तो यह एम्प्लोयी वर्ग या नौकरी पेशे वाले लोग होते हैं।

वहीं दूसरी ओर असंगठित क्षेत्र के कामगारों को रोज़ाना काम की तलाश में निकलना पड़ता है। इनके पास कोई पक्की नौकरी या काम नहीं होता है। जहाँ एक तरफ नौकरी पेशा वर्ग के काम करने का समय यानि की वर्किंग ऑवर तय होता है। वहीँ असंगठित क्षेत्र के कामगारों के साथ ऐसा कुछ नहीं होता। इन्हे त्योहारों पर छुट्टी भी नहीं मिलती है। इन्हे इनका मेहनताना रोजाना दैनिक स्तर पर मिलता है। न तो कोई बोनस की सुविधा और न ही कोई अन्य सुविधाएं। इनके पास न तो कोई जॉब सिक्योरिटी होती है। और न रिटायरमेंट की कोई सुविधा। ये रोज कमाने खाने वाले लोग होते हैं। और इनका जीवन बहुत ही कठिनाइयों से भरा हुआ होता है।

PM Shram Yogi Maandhan Yojana / प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 क्या है?

केंद्र में भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने अपने कार्यकाल के अंतिम बजट (बजट 2020 – 20) में तमाम नई लोक लुभावनी योजनाओं की घोषणा और शुरुआत की पेशकश की है। सरकार ने समाज के सभी वर्गों का ख्याल रखा है। इसी कड़ी में सरकार ने असंगठित क्षेत्र के कामगारों का भी ख्याल रखते हुए उनके लिए वृद्धा पेंशन की तरह ही रिटायरमेंट के बाद मासिक पेंशन देने का प्रावधान किया है। इसके लिए जारी की गयी नई योजना का नाम “प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना” है।

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इसके अंतर्गत असंगठित क्षेत्र के कामगारों को 60 साल की उम्र तक प्रतिमाह ₹100 की धनराशि जमा करने पर 60 वर्ष के उपरांत सरकार उस कामगार को ₹3000 प्रतिमाह की मासिक पेंशन प्रदान करेगी। जिससे 60 वर्ष की उम्र जिसे सरकार सामान्यतः रिटायरमेंट की उम्र मानती है।  इसके उपरांत उन कामगारों को जीवन यापन करने में किसी प्रकार की कठिनाई न हो।

प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना कैसे काम करेगी? और कौन-कौन इसका लाभ उठा सकता है?

इस योजना की वह बात जो इस योजना को सबसे खास बनाती है। वह यह है कि प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 का लाभ उठाने के लिए आपको बहुत ही मामूली धन राशि को इस स्कीम के अंदर निवेश करना होगा। असंगठित क्षेत्र के अंतर्गत काम करने वाले ऐसे कामगार जो 18 वर्ष के हैं। उन्हें इस योजना में मात्र  ₹ 55 की मामूली सी धनराशि मासिक तौर पर 60 वर्ष की उम्र तक जमा करनी होगी,  वहीं अन्य कामगार जिनकी उम्र 18 वर्ष से अधिक है। उन्हें इस योजना का लाभ उठाने के लिए ₹ 100 की धनराशि को मासिक तौर पर प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 में निवेश करना होगा।

सरकारी योजनाओं की तरह ही कहीं इस योजना का लाभ गलत लोग न उठा लें। इसके लिए सरकार द्वारा इस योजना में भी कुछ शर्तें रखीं गयी हैं। जिसके अनुसार प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना का लाभ उठाने के लिए असंगठित क्षेत्र में कार्य कर रहे व्यक्ति की मासिक आय ₹ 15,000 से अधिक नहीं होनी चाहिए। प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 में निवेश करने के लिए नून्यतम आयु सीमा 18 वर्ष और अधिकतम आयु सीमा 29 वर्ष की गयी है।

प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 में मिलने वाली सुविधाएँ –

इस योजना में सरकार द्वारा असंगठित क्षेत्र के अंतर्गत काम करने वाले श्रमिकों के लिए कुछ अन्य सुविधाओं का भी प्रावधान किया गया है। जो कुछ इस प्रकार हैं। –

  1. श्रमिकों की मौत पर मिलने वाले मुआवज़े की रकम को 2.5 लाख रूपए से बढ़ा कर 5 लाख रूपए कर दी गयी है।
  2. 21,000 रूपए तक की रकम कमाने वाले श्रमिकों के लिए 7,000 रूपए तक के बोनस का भी प्रावधान किया गया है।
  3. 25,000 रूपए तक की रकम कमाने वाले श्रमिकों के लिए ई. एस. आई. की सुविधा यानी की एम्प्लॉयी स्टेट इंश्युरन्स की सुविधा भी प्रदान की गयी है।

प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 के लिए सरकार द्वारा बजट में 500 करोड़ रूपए की धनराशि आवंटित की गयी है।  इसके साथ ही कार्यकारी वित्त मंत्री श्री पियूष गोयल जी ने यह भी कहा है। की यदि आवश्यकता पड़ी तो इस योजना हेतु आवंटित की गयी धनराशि में बढ़ोतरी भी की जा सकती है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि अगले पांच वर्षो में ही प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 का व्यापक तौर पर असर और फायदा दिखना शुरू हो जायेगा। और असंगठित क्षेत्र में कार्य करने वाले तकरीबन 10 करोड़ लोगों को इस योजना से लाभान्वित किया जा सकेगा।

PM Shram Yogi Maandhan Yojana 2020 की आवश्यकता क्यों है?

जैसा की इस पोस्ट की शुरुआत में ही हमने बताया है। कि भारतीय अर्थव्यवस्था और भारत की जी. डी. पी. यानि की सकल घरेलु उत्पाद में असंगठित क्षेत्रों में कार्य करने वाले श्रमिकों का कितना बड़ा योगदान है। इस वर्ग के बिना भारत की अर्थव्यवस्था लड़खड़ा जायेगी। और इसकी स्थिति तबाही के स्तर तक खराब हो जाएगी। इस वर्ग के लोगों का जीवन व्यापन बहुत ही मुश्किल से होता है। और इनका जीवन हमेशा कठिनाइयों से व्यतीत होता है। इनका जीवन यापन रोज कमाने खाने की स्थिति से होता है। जिसके कारण इन्हे अपना व अपने परिवार के सदस्यों का पेट भरने के लिए बहुत मेहनत करनी पड़ती है।

प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 –

कई बार इनके पास मामूली स्वास्थ्य सेवाएं तक प्राप्त करने के पैसे नहीं होते हैं। यदि कभी इन पर या इनके परिवार के सदस्यों पर कोई आपात की स्थिति आ जाए तो उस स्थिति में पैसों का न होना एक बहुत बड़ी समस्या के रूप में सामने आती है। इन श्रमिकों के काम करने की जगह भी सुरक्षा की दृष्टि से संतोषजनक नहीं रहती है। 10 – 10 घंटे कार्य करने पर भी इन्हे 250 – 500 रूपए कि मामूली सी रकम मेहनताने के रूप में प्रदान की जाती है। जब इस वर्ग का कोई व्यक्ति बूढ़ा होने लगते है। तब उस स्थिति में उसके पास इतना काम करने की क्षमता नहीं रह जाती है। प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना 2020 के लागू हो जाने के बाद इस वर्ग के लोगों के जीवन में काफी कठिनाइयां काम हो जाएँगी।

दोस्तों, तत्कालीन सरकार द्वारा लागू की गयी “प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना “ से संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारियों को आप लोगों से साझा  किया गया है। इसके साथ ही अगर आप प्रधान मंत्री श्रम योगी मानधन योजना | प्रधान मंत्री मानधन मोदी मानधन योजना | Shram Yogi Pension Scheme in Hindi, Online Form, Registration से जुडी अन्य किसी जानकारी को जानना चाहते हैं। तो आप हमे कमेंट कर के पूछ सकते हैं। हम जल्द से जल्द से आप के सवालों के जवाब देने को कोशिश करेंगे व अगर आपको यह जानकारी पसंद आती है। तो आप किसी जरूरतमंद और मित्रों के साथ शेयर कर सकते हैं।। धन्यवाद।।

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17 thoughts on “PMSYM प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन पेंशन योजना, ऑनलाइन आवेदन, एप्लीकेशन फॉर्म, PMSYM Registration 2020”

  1. अगर 60साल से पहले मरजाने पर या 60साल के बाद तब जमा धन किस प्रकार से मिलेगा

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  2. UPROKT PM SHRAM YOGI MAAN DHAN YOJANA SHI MAYNE ME BAHUT KARGAAR SABIT HOGA PAR ISSME 40+ KO KYU SAMIL NAHI KIYA GAYA HAI. YAHI SAMASYA BEROZGARI BHATTA KE MAMALE ME BHI HUA THA. HAMARE YAHA KI NETA ADHIKARI AVOM SHASAN PRASHASAN KE LOGOKO KO BHI MALUM HOGA KI HAMARE YAHA 40+ SE BHI JYADA UMRDARAJ MAJDOOR LOG HAI JINKO AESSI SARKARI LABH KI BAHUT HI AAWSAKTA HAI . ATAH AAP SABHI LOGO SE ANURODH HAI KI UMRDARAJ MAJDOORO KI BHI SUDHI LENE KI MAHATI KRIPA KARE…

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